
रायपुर(छत्तीसगढ़ सृजन)/छत्तीसगढ़ में पिछले तीन चार दिनों से गर्मी लगातार बढ़ रही है, जिसके कारण स्कूली बच्चों के स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ रहा है। इस बीच छत्तीसगढ़ सरकार ने भीषण गर्मी के चलते स्कूलों में तय समय से पहले ही ग्रीष्मकालीन अवकाश घोषित कर दी है। स्कूल शिक्षा विभाग की ओर से जारी आदेश के मुताबिक अब 22 अप्रैल से 15 जून तक स्कूलों में ग्रीष्मकालीन अवकाश रहेगा। प्रशासन की ओर से जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि अप्रैल महीने में पिछले कुछ दिनों से भीषण गर्मी और लू के कारण छात्र-छात्राओं के स्वास्थ्य पर प्रभाव पड़ रहा है। बदलते मौसम के कारण बच्चे बीमार हो रहे हैं। इस स्थिति को देखते हुए अभिभावकों द्वारा स्कूलों में ग्रीष्मकालीन अवकाश की मांग की थी जिसके बाद इस संदर्भ में स्कूल शिक्षा विभाग ने ग्रीष्मकालीन अवकाश का आदेश जारी किया है।


यह आदेश प्रदेश के सभी सरकारी, प्राइवेट, अनुदान प्राप्त, गैर अनुदान प्राप्त स्कूलों के लिए तत्काल प्रभाव से लागू होगा। बता दें कि राज्य सरकार के 11 अक्टूबर 2023 के आदेश के मुताबिक एक मई से 15 जून 2024 तक ग्रीष्मकालीन अवकाश निर्धारित था। अभी 30 अप्रेल तक स्कूल संचालित होने थे, लेकिन गर्मी के कारण समय से पहले बंद करने का फैसला लिया गया है। इससे पहले छत्तीसगढ़ प्राइवेट स्कूल मैनेजमेंट एसोसिएशन ने रायपुर कलेक्टर को पत्र लिखा था, जिसमें मांग की गई थी कि जिले में पारा 42 डिग्री पार कर रहा है। ऐसे में जल्द से जल्द स्कूलों में छुट्टियां की जाएं। जबकि प्रदेश भर के स्कूल संचालकों को निर्देश जारी किया गया था कि वे सुबह 7 बजे से कक्षाएं लगाएं।


जानकारी के लिए बता दें कि निजी स्कूलों में 1 अप्रैल से नया शिक्षण सत्र शुरू हो गया है। वहीं सरकारी स्कूलों में परीक्षा परिणाम जारी होने के बाद कक्षाओं में बच्चों की मौजूदगी कम है। निजी और सरकारी स्कूलों ने 30 अप्रैल तक का शेड्यूल जारी किया है, लेकिन बढ़ती गर्मीं को देखते हुए जल्द से जल्द छुट्टी देने की मांग की जा रही थी। गर्मी में तेज गर्म हवा चलने को लू कहते हैं। अप्रैल से लेकर जून के महीने में यह ज्यादा होती है। क्योंकि इन तीन महीनों में ही पारा बहुत ज्यादा होता है और बहुत गर्म, सूखी हवाएं चलती हैं। लू तब लगती है, जब टेंपरेचर बहुत ज्यादा हो। उसी दौरान चेहरा और सिर डायरेक्ट हवा और धूप के संपर्क में रहता है, तो लू लग जाती है। ऐसे स्थिति में डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।



